We have Provided the NCERT/CBSE Solutions. Here You Found chapter-wise for Class 9 Hindi. Chapter 3 कल्लू कुम्हार की उनाकोटी with Solutions by expert subject teacher for latest syllabus and examination. Students can take a free NCERT Solutions of कल्लू कुम्हार की उनाकोटी. Each question has right answer Solved by Expert Teacher.
NCERT Solutions for Class 9 Hindi Sanchayan with Answers
CBSE Solutions Class 9 Hindi कल्लू कुम्हार की उनाकोटी
Page No. 26
बोध प्रश्न
Q1. ‘उनाकोटी’का अर्थ स्पष्ट करते हुए बतलाएँ कि यह स्थान इस नाम से क्यों प्रसिद्ध है?
Answer: उनाकोटी का अर्थ है एक करोड़ से एक कम। त्रिपुरा में एक जगह है ‘उनाकोटी’। इसके लिए एक दंतकथा है कि कल्लू नाम के एक कुम्हार ने शिव के साथ रहने की प्रार्थना की। शिव ने शर्त रखी कि यदि एक रात में वह शिव की एक करोड़ मूर्ति बना देगा तो वह शिव- पार्वती के साथ कैलास पर्वत जा सकेगा। कल्लू ने मूर्तिया बनाई परन्तु एक मूर्ति रह गई और सुबह हो गई। कल्लू वही रह गया। तब से इसका नाम उनाकोटी पड़ गया।
Q2. पाठ के संदर्भ में उनाकोटी में स्थित गंगावतरण की कथा को अपने शब्दों में लिखिए।
Answer: दंतकथा के अनुसार उनाकोटी में शिव के 1 कोटी से एक कम मूर्ति है| यहां पहाड़ी को काटकर शिव की विशाल आधार मूर्तियां बनी हुई हैं| यहां भगीरथ की प्रार्थना पर स्वर्ग से पृथ्वी पर गंगा के अवतरण को चित्रित किया गया है की वैगन गांव को अपनी जटा में उलझा कर धीरे-धीरे पृथ्वी पर बढ़ने दें| इससे गंगा का वेग घट गया| तत्पश्चात यही गंगा भागीरथी कहलाई|
Q3. कल्लू कुम्हार का नाम उनाकोटी से किस प्रकार जुड़ गया?
Answer: कहा जाता है कि कल्लू कुम्हार के कारण ही इस स्थान का नाम उनाकोटी पड़ा। वह शिव-पार्वती के साथ कैलाश पर्वत पर जाना चाहता था। परन्तु शिव ने एक शर्त रखी कि उसे एक रात में शिव की कोटि (एक करोड़) मूर्तियाँ बनानी होगी। कल्लू कैलाश पर जाने की धुन में मूर्तियाँ बनाने में जुट गया परन्तु जब मूर्तियाँ गिनी गईं तो एक मूर्ति कम थी। शिव को उसे छुड़ाने का बहाना मिल गया तथा कल्लू कुम्हार वहीं रह गया।
Q4. ‘मेरी रीढ़ में एक झुरझुरी-सी दौड़ गई’ −लेखक के इस कथन के पीछे कौन-सी घटना जुड़ी है?
Answer: मेरी रीढ़ में एक झुरझुरी-सी दौड़ गई’-लेखक के इस कथन के पीछे वह घटना है, जब लेखक सी.आर.पी. एफ. के जवानों के साथ त्रिपुरा के हिंसाग्रस्त क्षेत्र से गुजर रहा था। मार्ग में एक जवान ने एक जगह की तरफ इशारा करके बताया कि दो दिन पहले वहाँ विद्रोहियों ने एक जवान को मार डाला था। इस बात को सुनकर लेखक घबरा गया।
Q5. त्रिपुरा ‘बहुधार्मिक समाज’ का उदाहरण कैसे बना?
Answer: त्रिपुरा में लगातार बाहरी लोग आते रहे। इससे यह बहुधार्मिक समाज का उदाहरण बना है। यहाँ उन्नीस अनुसूचित जन जातियाँ और विश्व के चार बड़े धर्मों का प्रतिनिधित्व है। यहाँ बौद्ध धर्म भी माना जाता है।
Q6. टीलियामुरा कस्बे में लेखक का परिचय किन दो प्रमुख हस्तियों से हुआ? समाज कल्याण के कार्यों में उनका क्या योगदान था?
Answer: टीलियामुरा कुछ ज्यादा बड़ा हो गया गाँव ही है। यहाँ लेखक की मुलाकात हेमंत कुमार जमातिया से हुई जो यहाँ के एक प्रसिद्ध लोक गायक हैं और जो 1996 में संगीत नाटक अकादमी द्वारा पुरस्कृत भी हो चुके हैं। हेमंत कीकबारोक बोली में गाते हैं। टीलियामुरा शहर के वार्ड नं. 3 में लेखक की मुलाकात एक और गायक मंजु ऋषिदास से हुई। ऋषिदास मोचियों के एक समुदाय का नाम है।
लेकिन जूते बनाने के अलावा इस समुदाय के कुछ लोगों की विशेषता थाप वाले वाद्यों जैसे तबला और ढोल के निर्माण और उनकी मरम्मत के काम में भी है। मंजु ऋषिदास आकर्षण महिला थी और रेडियो कलाकार होने के अलावा नगर पंचायत में अपने वार्ड का प्रतिनिधित्व भी करती थीं। वे निरक्षर थीं। लेकिन अपने वार्ड की सबसे बड़ी आवश्यकता यानी पेयजल के बारे में उन्हें पूरी जानकारी थी। नगर पंचायत को वे अपने वार्ड में नल का पानी पहुँचाने और इसकी मुख्य गलियों में ईंटें बिछाने के लिए राजी कर चुकी थीं।
Q7. कैलाश नगर के ज़िलाधिकारी ने आलू की खेती के विषय में लेखक को क्या जानकारी दी?
Answer: कैलासशहर के जिलाधिकारी ने लेखक को बताया कि यहाँ बुआई के लिए पारंपरिक आलू के बीजों के बजाय टी.पी.एस. नामक अलग किस्म के आलू के बीज का प्रयोग किया जाता है। इस बीज से कम मात्रा में ज्यादा पैदावार ली जा सकती है। यहाँ के निवासी इस तकनीक से काफी लाभ कमाते हैं।
Q8. त्रिपुरा के घरेलू उद्योगों पर प्रकाश डालते हुए अपनी जानकारी के कुछ अन्य घरेलू उद्योगों के विषय में बताइए?
Answer: त्रिपुरा में अनेकों घरेलू उद्योग चलते हैं; जैसे −अगरबत्ती बनाना, बाँस के खिलौने बनाना, गले में पहनने की मालाएँ बनाना, अगरबत्ती के लिए सीकों को तैयार किया जाता है। यह गुजरात और कर्नाटक भेजी जाती है।
We Think the given NCERT Solutions for class 9 Hindi. Chapter 3 कल्लू कुम्हार की उनाकोटी with Answers Pdf free download will assist you. If you’ve got any queries regarding CBSE Class 9 Hindi कल्लू कुम्हार की उनाकोटी NCERT Solutions with Answers, drop a comment below and that we will come back to you soons.